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Friday, January 3, 2025

ईंधन से पैसे की प्राप्ति, पिथौरा में हो रहे है बड़े झाड़ के जंगलों की समाप्ति

जंगल की जमीन को कलेक्टर के बिना अनुमति की हुई खरीदी बिक्री!

रिपोर्टर मयंक गुप्ता महासमुंद / जिले के पिथौरा ब्लॉक में सरकारी जमीन की खरीद फरोख्त का काम जिला प्रशासन के लाख कोशिश के बाद भी बदस्तूर जारी है और इस खरीद फरोख्त में जिला प्रशासन के ही सरकारी मुलाजिम शामिल है। सरकारी जमीन जिसमें बड़े झाड़ के जंगल भी शामिल है। पटवारियों सहित कुछ राजस्व की मिली भगत से यह कारनामे महासमुंद जिले के पिथौरा ब्लॉक में चल रहे हैं।

ऐसा ही एक और मामला प्रकाश में आया हैं। सरकार द्वारा दी गई जमीन को बिना कलेक्टर के आदेश बेच दिया गया है। इस खरीदी बिक्री में एक सरकारी मुलाजिम का हांथ बताया जा रहा है। इस भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारी के चर्चे कभी अखबारों के हेड लाइन बने थे।

गौरतलब है कि पिथौरा ब्लॉक के ग्राम टेका पटवारी हल्का नम्बर 9 राजस्व निरीक्षक मण्डल तहसील पिथौरा के भूमि खसरा नम्बर 421/3 रक्बा 0.195 हेक्टर भूमि को बिना कलेक्टर की अनुमति के बेच दिया गया है। जानकारी अनुसार भूमि का नया खसरा नम्बर 421/3 (421/1 पुराना) रक्बा 0.1950 हेक्टर दुर्गाबाई पति छबिलाल जाति अघरिया निवासी ग्राम के नाम से भूमिस्वामी हक पर दर्ज कर दिया गया हैं।

जबकि उक्त भूमि पूर्व में सन् 1980-81 के खसरा पांचसाला पुराने खसरा नम्बर 139/1 रक्बा 7.127 हेक्टर भूमि बड़े झाड़ के जंगल मद पर दर्ज हैं। सन् 1954-55 के अधिकार अभिलेख में बड़े झाड़ के जंगल तथा संशोधन पंजी सन् 1963-64 में पुराना खसरा नम्बर 149/3 रक्बा 3.20 एकड़ भूमि टिकेमनी - बैसाखु रावत सा देह भूमिस्वामी के नाम पर बड़े झाड़ के जंगल के तुक्डा से संशोधन पंजी कमांक 33, दिनांक 11/10/1962 में दर्ज है व खसरा नम्बर 149/3, 149/11 तहसीलदार सा. महासमुन्द मा. क. 181/अ-19 सन 1959-60 आदेश दिनांक 26/07/1963 के अनुसार बड़े झाड़ के जंगल भूमि दर्ज कर दिया गया हैं।

उक्त भूमि शासकीय बड़े झाड़ के जंगल से शासकीय भूमि पट्टा में मिला हैं। भूमि स्वामी द्वारा खसरा नम्बर 421/3 रक्बा 0.195 हेक्टर भूमि को कूट रचना करते हुऐ अनावेदिका दुर्गाबाई पति छबि लाल जाति अघरिया को बेच दिया गया है। अनावेदिका द्वारा भूमि क्रय कर शासन से बिना अनुमति के शासन से प्राप्त भूमि को क्रय किया गया हैं। उक्त भूमि को क्रय के पूर्व कलेक्टर से अनुमति नहीं लिया गया। चूंकि भूमि शासन से प्राप्त भूमि है, बिना अनुमति के क्रय किया जाना शासकीय पट्टे के नियम का उल्लंघन हैं। ग्राम टेका पटवारी हल्का नम्बर 9 राजस्व निरीक्षक मण्डल पिथौरा तहसील पिथौरा में स्थित भूमि खसरा नम्बर 421/3 रक्बा 0.1950 हेक्टर (20,982 वर्गफीट) भूमि टिकेमनी - बैसाखु रावत सा० देह की भूमि है उक्त भूमि को स्वामी दुर्गाबाई पति छबिलाल जाति अघरिया ने कूट रचना करते हुऐ अपने नाम करा कर रजिस्ट्री करा ली है। बताया जा रहा है कि इस जमीन में पेट्रोल टंकी निर्माण करने की प्रक्रिया चालू है। शासकीय पट्टे की भूमि में पेट्रोल टंकी निर्माण नही किया जा सकता है ना ही इसकी एन.ओ.सी.नहीं दिया जाना चाहिए। वह भूमि हाथी विचरण क्षेत्र में आती है जिसमे हाथियों आ आना जाना बना रहते है!

जिले भर में सरकारी जमीन की खरीद फरोख्त फर्जी तरीके से जारी है। इस तरह के फर्जी कामों को जिले के कुछ पटवारी, राजस्व के अधिकारी और जमीन दलालों द्वारा मिली भगत कर अंजाम दिया जा रहा है।

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